अस्पताल

अस्पतालों के वित्तीयन की योजना

योजना की व्याप्ति

हृदय रोग, गुर्दा अस्थि भंग आदि के क्षेत्र में शल्य सुविधाएं प्रदान करने वाले निजी विशिष्टतापूर्ण अस्पताल

गठन /पात्र उधारकर्ता

  • अधिमान्यत: कार्पोरेट संस्था 

  • प्रवर्तक भलीभांति अर्हताप्राप्त और अनुभवी चिकित्सक होने चाहिए 
  • उपयुक्त प्राधिकारी से आवश्यक अनुमति हो

सहायता की मात्रा 

रु. ५ करोड़ तक

ऋण-ईक्विटी अनुपात

कुल ऋण-ईक्विटी अनुपात- अधिकतम ३:१

दीर्घावधिक ऋण-ईक्विटी अनुपात-अधिकतम २:१

डीएससीआर

औसत डीएससीआर १.७५ और उससे अधिक

प्रवर्तकों का अंशदान

न्यूनतम ३३

संपार्श्विक प्रतिभूति 

समय-समय पर बैंक की नीति के अनुसार